नल-जल योजना की जमीनी हकीकत की होगी पड़ताल, 230 पंचायतों के 3,110 वार्डों में एक साथ जांच
गोपालगंज ब्यूरो आशिष रंजन श्रीवास्तव की रिपोर्ट
गोपालगंज। जिले में नल-जल योजना के क्रियान्वयन और संचालन की वास्तविक स्थिति अब प्रशासनिक जांच के दायरे में होगी। बिहार सरकार से प्राप्त निर्देश के आलोक में जिला पदाधिकारी, गोपालगंज श्री समीर सौरभ के निर्देश पर जिले की सभी पंचायतों में नल-जल योजना की विशेष स्थलीय जांच कराने का आदेश दिया गया है।
जिले के 230 पंचायतों के लगभग 3,110 वार्डों में आगामी 07 एवं 08 सितंबर 2026 को एक साथ जांच अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए 230 कर्मियों को प्रतिनियुक्त किया गया है। प्रतिनियुक्त कर्मी संबंधित पंचायतों एवं वार्डों में पहुंचकर पूरे दिन नल-जल योजना की जमीनी स्थिति का स्थल पर सत्यापन करेंगे।
शिकायतों को प्रशासन ने लिया गंभीरता से
नल-जल योजना के क्रियान्वयन एवं संचालन को लेकर प्राप्त शिकायतों को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। इसी के मद्देनजर योजना की वास्तविक स्थिति जानने के लिए व्यापक स्तर पर यह जांच अभियान शुरू किया जा रहा है।
जांच के दौरान यह देखा जाएगा कि संबंधित वार्डों में नल-जल योजना वास्तव में कार्यशील है या नहीं, नियमित रूप से जलापूर्ति हो रही है या नहीं तथा योजना के क्रियान्वयन एवं संचालन की स्थिति क्या है। इसके अलावा योजना से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं का भी स्थल पर सत्यापन किया जाएगा।
जांच रिपोर्ट के आधार पर होगी कार्रवाई
जांच पूरी होने के बाद प्रतिनियुक्त कर्मियों द्वारा उपलब्ध कराए गए जांच प्रतिवेदनों का समेकित रूप से अनुश्रवण किया जाएगा। जांच में सामने आने वाली कमियों एवं अनियमितताओं के आधार पर नियमानुसार अग्रेतर कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन का उद्देश्य नल-जल योजना को धरातल पर प्रभावी बनाना है, ताकि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को नियमित, सुचारू एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल की सुविधा मिल सके।
अब जांच से सामने आएगी तस्वीर—कितने वार्डों में नल से पहुंच रहा पानी और कहां व्यवस्था में है खामी।












