गोपालगंज: आवास योजना में घूसखोरी पर बड़ी कार्रवाई, आवास सहायक की सेवा समाप्त, FIR के आदेश।
गोपालगंज ब्यूरो आशिष रंजन श्रीवास्तव की रिपोर्ट
गोपालगंज।। भ्रष्टाचार के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाते हुए जिला प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई की है। सिधवलिया प्रखंड के करसघाट में प्रधानमंत्री आवास योजना के नाम पर अवैध वसूली करने वाले ग्रामीण आवास सहायक उमेष कुमार को तत्काल प्रभाव से चयन मुक्त (सेवा समाप्त) कर दिया गया है। आरोप है कि आवास सहायक उमेश कुमार द्वारा आवास योजना का लाभ दिलाने के नाम पर एक लाभुक से 30 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई थी। इस सौदेबाजी का एक ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था, जिसने प्रशासन की साख पर सवाल खड़े कर दिए थे।यह मामला सिर्फ सोशल मीडिया तक सीमित नहीं रहा। बैकुंठपुर के विधायक मिथिलेश तिवारी ने इस भ्रष्टाचार के मुद्दे को सदन (विधानसभा) में पुरजोर तरीके से उठाया, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया। मामले की गंभीरता को देखते हुए उप विकास आयुक्त (DDC) ने विस्तृत जांच कराई। जांच में दोषी पाए जाने के बाद आवास सहायक उमेश कुमार का अनुबंध तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया।उन्हें उनके पद से चयन मुक्त कर दिया गया है। उप विकास आयुक्त ने संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को दोषी आवास सहायक के खिलाफ FIR दर्ज करने का कड़ा आदेश दिया है। प्रशासन का कहना है की “सरकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जनता का हक मारने वालों पर कानूनी गाज गिरनी तय है।”











