विशंभरपुर हत्याकांड में पुलिस की लगातार दबिश का असर, तीन आरोपियों ने कोर्ट में किया आत्मसमर्पण
गोपालगंज ब्यूरो आशिष रंजन श्रीवास्तव की रिपोर्ट
गोपालगंज। विशंभरपुर थाना क्षेत्र के बहुचर्चित हत्या कांड संख्या 62/26 में पुलिस की लगातार दबिश और गिरफ्तारी अभियान का असर सामने आया है। पुलिस की कार्रवाई के दबाव में मामले के तीन नामजद आरोपियों ने माननीय न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया।
पुलिस के अनुसार, 1 जून 2026 को विजयीपुर चंवर में एक शव बरामद किया गया था। शव की पहचान मोहन यादव, पिता साकिन–रामपुर मांझा, थाना–कुचायकोट, जिला–गोपालगंज के रूप में हुई थी। मृतक के परिजनों द्वारा समर्पित आवेदन के आधार पर विशंभरपुर थाना में कांड संख्या 62/2026 दर्ज कर नामजद आरोपियों के विरुद्ध जांच शुरू की गई।
जांच के दौरान कांड के सभी नामजद आरोपी फरार हो गए थे। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश और छापेमारी कर रही थी। आरोपियों के घरों पर माननीय न्यायालय से निर्गत इश्तेहार का भी तामिला कराया गया था।
पुलिस की लगातार कार्रवाई के बीच राकेश यादव, अशोक यादव तथा मनोज यादव ने माननीय न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के आत्मसमर्पण से मामले की जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई को गति मिलेगी।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कांड में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी तकनीकी एवं मानवीय साक्ष्यों के आधार पर लगातार छापेमारी जारी है।
पुलिस की सख्ती से फरार आरोपियों पर बढ़ा दबाव
इस कार्रवाई से स्पष्ट है कि गंभीर आपराधिक मामलों में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर गोपालगंज पुलिस लगातार सक्रिय है। पुलिस की दबिश और न्यायालय की प्रक्रिया के चलते तीन आरोपियों ने आखिरकार न्यायालय की शरण ली।











