जिलास्तरीय सतर्कता एवं अनुश्रवण समिति की पहली बैठक में पीड़ितों को त्वरित न्याय, मुआवजा और लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के दिए गए निर्देश।
गोपालगंज ब्यूरो | आशिष रंजन श्रीवास्तव
गोपालगंज। गुरुवार को समीर सौरभ (भा.प्र.से.), जिला पदाधिकारी, गोपालगंज की अध्यक्षता में जिलास्तरीय सतर्कता एवं अनुश्रवण समिति की प्रथम बैठक आयोजित की गई। बैठक में सांसद डॉ. आलोक कुमार सुमन एवं बरौली विधायक मंजीत सिंह सहित समिति के सदस्य एवं संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में जिला पदाधिकारी ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्राप्त 55 लाख रुपये के आवंटन में से 54.39 लाख रुपये अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार अधिनियम के तहत पीड़ितों एवं उनके आश्रितों को मुआवजे के रूप में वितरित किए जा चुके हैं। वहीं हत्या के मामलों में 39 पीड़ित परिवारों को पेंशन का लाभ भी दिया जा रहा है।
बैठक के दौरान सांसद डॉ. आलोक कुमार सुमन ने स्पष्ट निर्देश दिया कि अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के तहत आने वाले मामलों में जिले के सभी थानाध्यक्ष बिना किसी अनावश्यक देरी के तत्काल प्राथमिकी दर्ज करें तथा पीड़ितों को किसी प्रकार की परेशानी न होने दें।
डीएम समीर सौरभ एवं सांसद ने पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) को हत्या के मामलों में लंबित आरोप पत्रों की प्रक्रिया शीघ्र पूरी कर उन्हें उपलब्ध कराने तथा 90 दिनों के भीतर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश दिया।
इसके अलावा जिला पदाधिकारी ने विशेष लोक अभियोजक एवं सरकारी अधिवक्ताओं को भी निर्देशित किया कि अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम से जुड़े न्यायालयों में लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें।
बैठक में नव मनोनीत सदस्य जितेन्द्र पासवान, दुर्गा प्रसाद गोंड़, राहुल कुमार बैठा, योगेन्द्र राम एवं अजीत कुमार गुप्ता, अनुमंडल कल्याण पदाधिकारी, हथुआ प्रशाखा पदाधिकारी कृष्ण मोहन प्रसाद सहित जिला कल्याण विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।












