नौतन मछलीहट्टा का क्षतिग्रस्त नहर पुल: दुर्घटना का खुला निमंत्रण
नौतन से फिरोज अंसारी की रिपोर्ट


स्थानीय प्रखंड क्षेत्र के नौतन मछलीहट्टा के समीप स्थित गंडक नहर पुल विगत दो वर्ष से अधिक समय से पूरी तरह क्षतिग्रस्त हालत में पड़ा है। पुल की रेलिंग टूट चुकी है और जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं, जिससे हर रोज सैकड़ों वाहन चालक और पैदल यात्री जान जोखिम में डालकर आवागमन कर रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, खराब मौसम और भारी वाहनों के कारण पुल की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है, लेकिन प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की ओर से कोई सुधार कार्य शुरू नहीं किया गया है। स्थानीय निवासी विरेंद्र प्रसाद ने बताया कि पुल पर रेलिंग न होने से कई बार दोपहिया वाहन अनियंत्रित होकर नीचे गिरने की नौबत आ चुकी है। बच्चों और बुजुर्गों के लिए तो यह रोज का खतरा बन गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और स्थानीय प्रतिनिधियों के पास शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ताओं का आरोप है कि जनप्रतिनिधि चुनावी वादों तक सीमित रह गए हैं। पुल की मरम्मत के लिए बार-बार ज्ञापन सौंपे गए, लेकिन प्रशासनिक लापरवाही के कारण कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। विशेष रूप से बारिश के मौसम में यह पुल और भी खतरनाक हो जाता है, जब नहर का पानी ऊपर तक पहुंच जाता है।
स्थानीय लोग चिंतित हैं कि यदि तत्काल मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया तो किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहेगी। उन्होंने जिला प्रशासन, लोक निर्माण विभाग और जनप्रतिनिधियों से अपील की है कि वे इस गंभीर समस्या पर तुरंत ध्यान दें और पुल को यातायात के लिए सुरक्षित बनाएं। विशेषज्ञों का मानना है कि छोटे-छोटे खर्च पर रेलिंग और सड़क की मरम्मत कर दी जाए तो बड़ा हादसा टाला जा सकता है। लेकिन सवाल यह है कि प्रशासन कब तक इस लापरवाही को नजरअंदाज करता रहेगा? क्या एक बड़ी दुर्घटना के बाद ही कोई कार्रवाई होगी? स्थानीय जनता अब इंतजार नहीं करना चाहती।











