विकास के नाम पर ‘मौत का गड्ढा’ !
भोरे में टेलीकॉम कंपनियों की लापरवाही से राहगीरों की जान खतरे में
गोपालगंज जिले के भोरे क्षेत्र में विकास कार्य के नाम पर लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ किया जा रहा है। भोरे वायरलेस मोड़ से इमलिया जाने वाली सड़क और भोरे चरमोहनी से बगही जाने वाली सड़क पर खजुराहा पोखर के पास टेलीकॉम कंपनियों द्वारा सड़क किनारे 5 से 7 फीट गहरे गड्ढे खोद दिए गए हैं, लेकिन सुरक्षा के नाम पर कोई इंतजाम नहीं किया गया है।
स्थानीय लोगों के अनुसार इन गड्ढों के आसपास न तो बैरिकेडिंग की गई है, न कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया है और न ही रात में दिखने वाले रिफ्लेक्टर या लाल झंडी की व्यवस्था की गई है। ऐसे में रात के अंधेरे में गुजरने वाले बाइक सवारों और छोटे-बड़े वाहनों के लिए यह सड़क किसी बड़े हादसे का इंतजार करती दिखाई दे रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि अगर कोई वाहन चालक अनजाने में इन गहरे गड्ढों में गिर जाए तो बड़ी दुर्घटना हो सकती है। लोगों ने सवाल उठाया है कि आखिर सुरक्षा मानकों की खुलेआम अनदेखी करने की छूट कंपनियों को किसने दी है? क्या आम लोगों की जान की कोई कीमत नहीं रह गई है?
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि अविलंब गड्ढों के पास बैरिकेडिंग कराई जाए, चेतावनी संकेत लगाए जाएं और लापरवाही बरतने वाली कंपनियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
लोगों का कहना है कि विकास जरूरी है, लेकिन अगर उसी विकास की कीमत लोगों की जान बन जाए, तो ऐसे विकास पर सवाल उठना लाजिमी है।












