विजयीपुर पगरा मुख्य सड़क पर गंदगी का अंबार,स्वच्छ भारत मिशन की खुली पोल
विजयीपुर / गोपालगंज।
विजयीपुर प्रखंड अंतर्गत
विजयीपुर – पगरा मुख्य सड़क पर इन दिनों कुड़ा-कर्कट का विशाल अंबार फैला हुआ है, जो न सिर्फ राहगीरों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है, बल्कि मानव जीवन और पर्यावरण पर भी गंभीर विपरीत प्रभाव डाल रहा है। सड़क के किनारे बेतरतीब फेंके गए कचरे के कारण पैदल चलने वालों से लेकर दोपहिया व चारपहिया वाहन चालकों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह खुलेआम सड़क पर कूड़ा फेंका जाना स्वच्छ भारत मिशन की सच्चाई को उजागर करता है। हालात यह संकेत दे रहे हैं कि यह महत्वाकांक्षी योजना अब केवल सरकारी कागज़ों और धन निकासी तक ही सीमित रह गई है।
गौरतलब है कि यह क्षेत्र मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सात निश्चय योजना के अंतर्गत आता है। योजना के तहत प्रत्येक पंचायत में स्वच्छता कर्मियों की नियुक्ति की गई है और उन्हें नियमित वेतन भी दिया जा रहा है, इसके बावजूद जमीनी स्तर पर स्वच्छता की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है।
और भी गंभीर मामला यह है कि जिस स्थान पर आज कूड़े का ढेर लगा है, वहां वर्षों पूर्व एक जलाशय हुआ करता था। प्रशासनिक उदासीनता के कारण उक्त जलाशय पर लोगों ने धीरे-धीरे अतिक्रमण कर लिया। अब आसपास के घरों का नाले का गंदा पानी उसी रास्ते से बहते हुए मुख्य सड़क पर जलजमाव की स्थिति पैदा कर रहा है, जिससे संक्रमण और दुर्घटना का खतरा बढ़ता जा रहा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि पूरे मामले में प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है।
जब सरकार सुशासन की बात करती है और स्वयं उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ‘बुलडोजर बाबा’ के नाम से जाने जाते हैं तथा बिहार में अतिक्रमण मुक्त अभियान भी चला चुके हैं, तो फिर इस खुले अतिक्रमण और गंदगी पर प्रशासनिक चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े करती है।
अब बड़ा सवाल यह है कि
क्या जिम्मेदार अधिकारी इस ओर ध्यान देंगे?
या फिर पगरा की यह सड़क यूं ही गंदगी और बदहाली की पहचान बनकर रह जाएगी?












