₹80 हजार लेने के बाद भी मामला नहीं सुलझा, अतिरिक्त पैसे मांगने का आरोप
लापता बेटे की तलाश और प्राथमिकी में निर्दोष परिजनों को आरोपी बनाने की शिकायत, पुलिस अधीक्षक से निष्पक्ष जांच की मांग
गोपालगंज। विजयीपुर थाना क्षेत्र के सुदामा चौक निवासी धनपति देवी, पति स्वर्गीय छबीला गोंड, ने पुलिस अधीक्षक, गोपालगंज को आवेदन देकर समझौते के नाम पर ₹80,000 लेने, इसके बाद भी मामला समाप्त नहीं करने तथा अतिरिक्त पैसों का दबाव बनाने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने मामले में कथित बिचौलियों/दलालों एवं संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
आवेदन के अनुसार, धनपति देवी का पुत्र धनजीत गोंड तथा गांव के जवाहिर गोंड की पुत्री रागनी कुमारी एक-दूसरे को पसंद करते थे। 28 जुलाई 2026 को दोनों अपने-अपने घर से चले गए। इसकी जानकारी मिलने के बाद धनपति देवी जवाहिर गोंड के घर पहुंचीं, जहां उन्हें बताया गया कि उनका पुत्र रागनी को लेकर चला गया है।
इसके बाद जवाहिर गोंड द्वारा थाने में शिकायत किए जाने की बात सामने आई। पीड़िता के अनुसार, 30 जुलाई की रात पुलिस उनके घर पहुंची और उनके पुत्र को ले गई। अगले दिन थाना परिसर में समझौता कराया गया। आरोप है कि कुछ बिचौलियों/दलालों के माध्यम से समझौते के नाम पर ₹80,000 की राशि दिलवाई गई, जिसमें ₹41,000 ऑनलाइन तथा ₹39,000 नकद देने की बात आवेदन में कही गई है।
धनपति देवी का आरोप है कि राशि देने के बावजूद मामला समाप्त नहीं हुआ और बाद में उनसे लगातार अतिरिक्त पैसे की मांग एवं दबाव बनाया जाने लगा। आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण अतिरिक्त राशि देने में असमर्थता जताने पर 13 अगस्त 2026 को उनके, उनके चार पुत्रों तथा पुत्रवधू के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराए जाने की बात आवेदन में कही गई है।
प्राथमिकी में परिजनों को आरोपी बनाने पर सवाल
पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया है कि उनके तीन पुत्र एवं पुत्रवधू बाहर रहकर काम करते हैं और घर पर बहुत कम आते हैं, इसके बावजूद उनके नाम प्राथमिकी में शामिल कर दिए गए। आवेदन में कहा गया है कि प्राथमिकी की जानकारी मिलने के बाद रागनी कुमारी स्वयं उनके घर आई और धनजीत से कथित तौर पर कहा कि उसके पिता ने पूरे परिवार के खिलाफ केस करा दिया है तथा यदि अभी भी साथ नहीं देगा तो पुलिस उसे जेल भेज देगी।
आवेदन के अनुसार, धनजीत 22 अगस्त 2026 से घर से लापता है। परिवार ने उसकी तलाश और सुरक्षित बरामदगी की मांग भी पुलिस अधीक्षक से की है।
पुलिस अधीक्षक से 8 बिंदुओं पर जांच की मांग
धनपति देवी ने पुलिस अधीक्षक से 31 जुलाई को थाना परिसर में हुए समझौते और ₹80,000 के लेन-देन, ₹41,000 के ऑनलाइन भुगतान व ₹39,000 नकद राशि, कथित बिचौलियों की भूमिका तथा पुलिस के नाम पर पैसे की मांग किए जाने जैसे आरोपों की जांच कराने की मांग की है। साथ ही बाहर रहने वाले तीन पुत्रों एवं पुत्रवधू को प्राथमिकी में आरोपी बनाए जाने के आधार की भी निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।
उन्होंने मामले की जांच किसी वरिष्ठ एवं निष्पक्ष पुलिस अधिकारी से कराने, दोषी पाए जाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई करने तथा अपने लापता पुत्र धनजीत गोंड की सुरक्षित बरामदगी सुनिश्चित कराने का आग्रह किया है।
पीड़िता ने कहा कि उनका परिवार बेहद गरीब और असहाय है तथा उन्हें किसी निर्दोष को फंसाने या किसी से बदला लेने की इच्छा नहीं है। उनका कहना है कि उन्हें केवल निष्पक्ष जांच और न्याय की उम्मीद है।
गोपालगंज ब्यूरो : आशिष रंजन श्रीवास्तव की रिपोर्ट












