भूमिहीन विद्यालयों को जल्द मिलेगी जमीन, डीएम ने दिए सख्त निर्देश
शैक्षणिक व्यवस्था में गुणात्मक सुधार को लेकर डीएम समीर सौरभ ने की शिक्षा विभाग की समीक्षा
गोपालगंज ब्यूरो आशिष रंजन श्रीवास्तव की रिपोर्ट
गोपालगंज। जिले के भूमिहीन विद्यालयों को अब भवन निर्माण के लिए जल्द भूमि उपलब्ध कराने की दिशा में कार्रवाई तेज होगी। बुधवार को जिला पदाधिकारी गोपालगंज समीर सौरभ की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग के कार्यों की एजेंडावार समीक्षा बैठक हुई। बैठक में विद्यालयों की आधारभूत संरचना, भूमि उपलब्धता, आवेदनों के त्वरित निष्पादन और विद्यालय निरीक्षण सहित कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर आवश्यक निर्देश दिए गए।
83 भूमिहीन विद्यालयों के लिए भूमि चिन्हित करने का निर्देश
समीक्षा के दौरान जिले के 83 भूमिहीन विद्यालयों के भवन निर्माण के लिए शीघ्र भूमि चिन्हित करने का निर्देश संबंधित अंचलाधिकारियों को दिया गया। डीएम ने स्पष्ट किया कि भूमि विद्यालय के पोषक क्षेत्र में ही उपलब्ध कराई जाए।
कक्षा 1 से 5 तक के विद्यालयों के लिए 20 डिसमिल भूमि
कक्षा 9 से 12 तक के उत्क्रमित उच्च विद्यालयों के लिए 75 डिसमिल भूमि
संबंधित अंचलाधिकारी एवं प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को आपसी समन्वय के साथ अविलंब भूमि उपलब्धता प्रतिवेदन प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया।
प्राथमिक स्तर के भूमिहीन विद्यालयों में कुचायकोट में सर्वाधिक 10, विजयीपुर में 5, बैकुण्ठपुर में 4 तथा बरौली, गोपालगंज और सिधवलिया में एक-एक विद्यालय शामिल हैं।
वहीं, कक्षा 9 से 12 तक के भूमिहीन उत्क्रमित उच्च विद्यालयों में कुचायकोट के 19, बरौली के 11, बैकुण्ठपुर के 9, पंचदेवरी के 8 और थावे के 7 विद्यालय शामिल हैं।
सिंगल विंडो के आवेदनों का हो त्वरित निष्पादन
डीएम ने जिला शिक्षा पदाधिकारी एवं सभी जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को सिंगल विंडो सिस्टम से प्राप्त आवेदनों की नियमित निगरानी करते हुए उनका त्वरित एवं नियमानुसार निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
हर बुधवार विद्यालयों का होगा निरीक्षण
विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक बुधवार विद्यालय निरीक्षण कराने का निर्देश दिया गया। निरीक्षण के दौरान शिक्षकों एवं विद्यार्थियों की उपस्थिति, पठन-पाठन की गुणवत्ता तथा आधारभूत सुविधाओं की स्थिति की समीक्षा करते हुए कमियों का तत्काल समाधान कराने पर जोर दिया गया।
समयबद्ध और जवाबदेह कार्यप्रणाली पर जोर
बैठक में डीएम ने शिक्षा विभाग की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, कार्यों के समयबद्ध निष्पादन और बेहतर समन्वय के साथ जवाबदेह एवं परिणामपरक कार्यशैली अपनाने का निर्देश दिया। प्रशासन का उद्देश्य जिले के प्रत्येक विद्यालय में जरूरी आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर शैक्षणिक वातावरण प्रदान करना है।
